मध्यावधि चुनाव हुए तो हम 100 सीटें जीतेंगे- संजय राउत

मध्यावधि चुनाव हुए तो हम 100 सीटें जीतेंगे- संजय राउत

Rokthok Lekhani

महाराष्ट्र : शिवसेना सांसद संजय राउत ने मंगलवार को कहा कि अगर महाराष्ट्र में अभी मध्यावधि चुनाव हुए तो उद्धव ठाकरे नीत पार्टी 100 से अधिक सीट जीतेगी और दावा किया कि लोग बागी विधायकों से नाराज हैं। राउत ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे पर हमला करते हुए कहा कि धन बल या केंद्रीय एजेंसियों के माध्यम से दबाव डालकर शिवसेना को ‘हाईजैक’ नहीं किया जा सकता है। उन्होंने कहा, ‘‘बागियों के खिलाफ गुस्से और पार्टी के पक्ष में उत्साह को देखते हुए कह सकते हैं कि अगर राज्य में आज मध्यावधि चुनाव होते हैं तो शिवसेना 100 से अधिक सीट जीतेगी।

अगर कोई विधायक पार्टी छोड़ता है तो इसका मतलब यह नहीं है कि शिवसेना ने अपने मतदाता खो दिए हैं।”विधानसभा में विश्वास मत जीतने के बाद मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने दावा किया कि भाजपा और उनके नेतृत्व वाली शिवसेना अगले विधानसभा चुनाव में 200 से अधिक सीट जीतेगी और अगर ऐसा नहीं होता है, तो वह फिर से खेती का काम करेंगे। शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने भी भाजपा को महाराष्ट्र में मध्यावधि चुनाव कराने की चुनौती दी थी। नवनिर्वाचित विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर पर निशाना साधते हुए राउत ने कहा कि उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना मूल पार्टी है और अगर पार्टी के विधायकों की अयोग्यता पर निर्णय लिया जाता है, तो उन्हें अपनी कानून की डिग्री वापस कर देनी चाहिए।

नार्वेकर पेशे से वकील हैं। शिंदे खेमा ने सोमवार को व्हिप जारी कर शिवसेना के सभी विधायकों को राज्य सरकार के पक्ष में वोट करने को कहा था। विश्वास मत जीतने के बाद शिंदे गुट ने सोमवार रात उद्धव ठाकरे खेमे के 14 विधायकों को शिवसेना के मुख्य सचेतक और शिंदे के विश्वासपात्र भरत गोगावाले द्वारा जारी किए गए व्हिप का उल्लंघन करने के लिए नोटिस जारी किया। हालांकि, नोटिस में शिवसेना के संस्थापक बाल ठाकरे के सम्मान में उद्धव ठाकरे के बेटे आदित्य ठाकरे का नाम शामिल नहीं किया गया है। राउत ने कहा, ‘‘यह एक कानूनी प्रक्रिया है। बाकी 14 भी बालासाहेब के शिवसैनिक और अनुयायी हैं।’ शिंदे खेमे में अब तक शामिल हुए 40 बागियों पर निशाना साधते हुए राउत ने कहा कि जो लोग पार्टी छोड़ना चाहते हैं, वे सिर्फ बहाना तलाश रहे हैं।

विधानसभा में शिंदे के भाषण का जिक्र करते हुए राउत ने कहा कि राज्य के लिए अपने कार्यों को बताने के बजाय मुख्यमंत्री यही बताते रहे कि उन्होंने पार्टी क्यों छोड़ी। गौरतलब है कि विधानसभा में अपने भाषण में शिंदे ने शिवसेना में उनके साथ किये गए ‘अनुचित बर्ताव’ का जिक्र किया था। राउत ने कहा कि नारायण राणे और छगन भुजबल जैसे लोगों ने पूर्व में शिवसेना के खिलाफ विद्रोह में जिस भाषा का इस्तेमाल किया था, शिंदे भी पार्टी से बाहर निकलने पर उसी भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं। राउत ने कहा, ‘‘जब भी कोई नेता पार्टी छोड़ता है, पार्टी को धोखा देता है, तो वह इसी तरह के तर्कों का इस्तेमाल करता है। वह सही हैं, इसे सही ठहराने के लिए उन्हें लोगों के साथ भावनात्मक संबंध बनाना होगा।”


Tags:
Join Us on Dailyhunt
Follow us on Daily Hunt
Follow Us on Google News
Follow us on Google News
Download Android App
Download Android App

Join Us on Social Media

Post Comment

Comment List

Join Us on Social Media

Latest News

चर्च में नाबालिग लड़कियों के साथ दुष्कर्म, आश्रम के फादर गिरफ्तार... चर्च में नाबालिग लड़कियों के साथ दुष्कर्म, आश्रम के फादर गिरफ्तार...
सीवुड्स स्थित चर्च में तीन नाबालिग लड़कियों के साथ दुष्कर्म किए जाने का मामला सामने आया है। इस मामले में...
पूर्व पुलिस आयुक्त संजय पांडे की गिरफ्तारी को लेकर मुखर होती जा रही है आवाज...
महाराष्ट्र के रायगढ़ से पूर्व विधायक विनायक मेटे की सड़क दुर्घटना में मौत...
ऑर्थर रोड जेल में मुंबई के टॉप 3 महाराष्ट्र के तीन सीनियर लीडर, कैदी नंबर 2225 हैं अनिल देशमुख, संजय राउत को मिल रही हैं ये सुविधाएं...
फिल्म में बॉलीवुड अभिनेता आमिर खान के लुक्स पर बोले गिप्पी ग्रेवाल, कहा- पंजाबियों को नकली दाढ़ी पसंद नहीं..
सलमान रुश्दी पर हमले की निंदा करने वाली लेखिका जेके राउलिंग को मिली जान से मारने की धमकी...
अगस्त के महीने में लगातार छुट्टियों के कारण मुंबई-पुणे एक्सप्रेस हाईवे पर भारी जाम...

Join Us on Social Media

Videos