एंबुलेंस ना मिलने पर 6 साल के बच्चे का शव मोटरसाइकिल पर लेकर गया पिता

पालघर: महाराष्ट्र के आदिवासी जिले पालघर से मानवता को शर्मसार करने वाला वाकया सामने आया है। जिले के मोखाडा इलाके के एक सरकारी अस्पताल में एक बाप को अपने 6 साल के बेटे का शव ले जाने के लिए एंबुलेंस नहीं मिली। जिसकी वजह से हालात के मारे मजबूर बाप को अपने जिगर के टुकड़े के शव को बाइक पर ले जाना पड़ा। यह घटना मंगलवार की है, भले ही महाराष्ट्र सरकार ग्रामीण विकास के लिए अलग-अलग योजनाएं और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के दावे करती हो लेकिन हकीकत बिल्कुल उलट है। दिल को झकझोर देने वाली इस घटना के बाद से पालघर जिले में सरकारी दावों की पोल खुल चुकी है

पीड़ित पिता पारधी के मुताबिक 22 जनवरी को उनके 6 साल के बेटे अजय को बुखार आया था। जिसके बाद परिजन उसे त्रयंबकेश्वर स्थित प्राइवेट अस्पताल में लेकर गए थे। एक दिन के इलाज के बाद हालत में सुधार नहीं हुआ तो डॉक्टरों ने मासूम बच्चे को सरकारी अस्पताल में ले जाने के लिए कहा। डॉक्टरों की सलाह के बाद परिजनों ने उसे पालघर के मोखाडा इलाके के कुटरी सरकारी अस्पताल में भर्ती किया था। 25 जनवरी की रात नौ बजे इलाज के दौरान अजय ने अस्पताल में दम तोड़ दिया।

बच्चे की मौत हो जाने पर पीड़ित पिता ने अस्पताल से बच्चे के शव को ले जाने के लिए एंबुलेंस उपलब्ध कराने के गुजारिश की। हालांकि तब डॉक्टरों ने यह कहा कि अगर एंबुलेंस चाहिए तो उसके लिए पैसे जमा कराने होंगे। आर्थिक तंगी से जूझ रहे पारधी ने पैसे जमा करने में असमर्थता जताई। उन्होंने एंबुलेंस चालक और डॉक्टरों से हाथ जोड़कर विनती भी की लेकिन इसके बाद भी डॉक्टरों और अन्य लोगों का दिल नहीं पसीजा। जिसके बाद मजबूरन वे अपने दोस्त की मदद से अपने के बेटे के शव को हाड़ कंपा देने वाली ठंड में बाइक से 40 किलोमीटर दूर अपने घर ले गए।

Leave a Reply

Your email address will not be published.