मध्य प्रदेश और राजस्थान के बाद अब कांग्रेस के नेताओं को झारखंड में भी विधायकों के टूटने का डर सताने लगा है।

मध्य प्रदेश और राजस्थान के बाद अब कांग्रेस के नेताओं को झारखंड में भी विधायकों के टूटने का डर सताने लगा है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और झारखंड के मंत्री रामेश्वर उरांव कहते भी हैं कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लोग कांग्रेस के विधायकों को तोड़ने की कोशिश में हैं। हालांकि भाजपा ऐसे आरोपों से इंकार करते हुए इसे कांग्रेस का मुख्यमंत्री पर दबाव बनाने की रणनीति बता रही है।

मंत्री रामेश्वर उरांव स्पष्ट कहते हैं कि उनके कई विधायकों को भाजपा ने पैसे का प्रलोभन दिया और राज्यसभा चुनाव के दौरान उन्हें खरीदने की कोशिश की। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा लगातार विधायकों को प्रलोभन दे रही है।

हालांकि उन्होंने अपने विधायकों पर विश्वास जताते हुए यह भी कहा कि कांग्रेस के विधायक मजबूत कांग्रेसी हैं, इस कारण वे कहीं नहीं जाएंगे।

उरांव ने आरोप लगाया कि राज्यसभा चुनाव के दौरान भी पैसा और पद देने के बदले सरकार बनाने का षड्यंत्र रचा गया था।

इधर, कांग्रेस के विधायक इरफ़ान अंसारी ने भी अपने अधिकारिक ट्विटर अकाउंट से ट्वीट और रीट्वीट कर इशारों ही इशारों में स्थिति स्पष्ट कर दी है।

अंसारी ने ट्वीट कर लिखा, “झूठ ,चापलूस और दलाली करके तो मैं भी कब का दरिया पार कर जाता। लेकिन डुबो दिया मुझे सच बोलने की आदत ने।”

अंसारी ने एक ट्वीट को रीट्वीट भी किया है जिसमें लिखा गया है, “आपका ये दर्द वाजिब है, डॉ. इरफ़ान अंसारी। राहुल गांधी, मध्य प्रदेश और राजस्थान में जो हुआ है वो सबूत झारखंड में दिख जाएगा। क्या कांग्रेस का दिन रात झंडा ढोने वाले, मुखर, शिक्षित एमबीबीएस की डिग्री मंत्री पद के लिए काफी नहीं है। मैट्रिक फेल होना जरूरी है। यही प्राब्लम है कांग्रेस की। वक्त के साथ बदलिए।”

कांग्रेस के विधायक डॉ. अंसारी मंत्री नहीं बनाए जाने पर नाराज बताए जाते हैं।

इधर, भाजपा ऐसे किसी भी आरोपों से इंकार कर रही है। झारखंड भाजपा के प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने कहा, “कांग्रेस के मंत्रियों की सरकार में नहीं चल रही है। कांग्रेस के मंत्री अधिकारियों के स्थानातंरण तक नहीं कर पा रहे हैं, ऐसी स्थिति में यह कहकर वे मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पर दबाव बनाना चाह रहे हैं।”

उन्होंने यह भी कहा कि सरकार में कांग्रेस शामिल है। अगर ऐसा कुछ हो रहा है तो उन्हें प्राथमिकी दर्ज कराकर मामले की जांच करवानी चाहिए। शाहदेव आगे कहते हैं कि झारखंड में कोरोना की स्थिति भयावह होती जा रही है। ऐसे में कांग्रेस ऐसे मुद्दों को उठाकर लोगों का ध्यान भटकाना चाह रही है।

वैसे, सूत्रों का भी कहना है कि कांग्रेस के कई नेता भी सरकार से नाराज चल रहे हैं और कांग्रेसी नेता सरकार के कई फैसलों पर सवाल भी उठा चुके हैं।d

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